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मिर्च की कमी ने बढ़ाए दाम, किसानों को मिल रहा बेहतर भाव

इस साल मिर्च की पैदावार कम रहने से बाजार में कमी बनी हुई है, जिससे दाम काफी बढ़ गए हैं। कीट-रोग, ज्यादा बारिश और खेती का रकबा घटने से किसानों को नुकसान हुआ, लेकिन जिनकी फसल बची है उन्हें अच्छे भाव मिल

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Pooja Rai· Correspondent

27 जनवरी 2026· 3 min read

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मिर्च की कमी ने बढ़ाए दाम, किसानों को मिल रहा बेहतर भाव

मिर्च की कमी ने बढ़ाए दाम, किसानों को मिल रहा बेहतर भाव

इस साल मिर्च की पैदावार कम रहने से बाजार में कमी बनी हुई है, जिससे दाम काफी बढ़ गए हैं। कीट-रोग, ज्यादा बारिश और खेती का रकबा घटने से किसानों को नुकसान हुआ, लेकिन जिनकी फसल बची है उन्हें अच्छे भाव मिल रहे हैं। निर्यात मांग बढ़ने से भी कीमतें ऊँची हैं और आने वाले समय में दाम बहुत ज्यादा गिरने की उम्मीद नहीं है।

इस साल मिर्च की खेती करने वाले किसानों के लिए हालात कुछ अलग हैं। खेतों में मिर्च कम हुई है, जिसके कारण बाजार में उसके दाम काफी ऊपर चले गए हैं। तेलंगाना के वारंगल और खम्मम की मंडियों में मिर्च के भाव देखकर किसान खुद हैरान हैं, क्योंकि पिछले कई सालों में ऐसे दाम नहीं मिले।

₹22 हजार प्रति क्विंटल तक बिक रहा है मिर्च
बिज़नेस लाइन की एक रिपोर्ट के मुताबिक कुछ दिन पहले मिर्च ₹22 हजार प्रति क्विंटल तक बिक गई थी। अभी दाम थोड़े कम हुए हैं, फिर भी ₹15 हजार से ₹18,500 प्रति क्विंटल के बीच बने हुए हैं। किसान मानते हैं कि मिर्च कम होने और मांग ज्यादा रहने से ही भाव इतने तेज हैं।

क्या है वजह?
किसानों का कहना है कि पिछले कुछ सालों में मिर्च की खेती काफी घट गई है। पहले जहां बड़े इलाके में मिर्च बोई जाती थी, अब लागत और जोखिम बढ़ने के कारण कई किसानों ने इसका रकबा कम कर दिया। ऊपर से थ्रिप्स कीट और विल्ट जैसी बीमारियों ने फसल को भारी नुकसान पहुंचाया।इस बार ज्यादा बारिश और नमी ने भी किसानों की मुश्किल बढ़ा दी। कई जगह मिर्च की गुणवत्ता खराब हो गई, जिससे मंडी में सही दाम मिलने में परेशानी आई। फिर भी जिन किसानों की फसल ठीक बच गई, उन्हें अब अच्छे भाव मिल रहे हैं।

ये भी पढ़ें - मध्य प्रदेश में 2026 होगा ‘कृषि वर्ष’, किसानों पर सरकार का बड़ा फोकस

माँग ज़्यादा, सप्लाई कम
किसान यह भी देख रहे हैं कि विदेशों में भारतीय मिर्च की मांग बढ़ी है। जब निर्यात ज्यादा होता है, तो देश में मिर्च कम बचती है और इसका सीधा फायदा दामों में तेजी के रूप में दिखता है। मंडी में मिर्च की कमी इतनी है कि व्यापारी अब कोल्ड स्टोरेज में रखी पुरानी मिर्च भी निकालकर बेच रहे हैं। इससे साफ है कि बाजार में मिर्च की कितनी जरूरत है।

मिर्च किसानों की हुई अच्छी कमाई
किसानों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में दाम बहुत नीचे नहीं गिरेंगे। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार जनवरी 2026 तक मिर्च के भाव ₹13,500 से ₹15,500 प्रति क्विंटल के आसपास रह सकते हैं। पैदावार भले कम रही हो, लेकिन अच्छी मांग के चलते किसानों को इस साल मिर्च से ठीक-ठाक कमाई की उम्मीद है।

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