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किसानों को सशक्त बनाने के लिए दिल्ली में शुरू हुआ राष्ट्रीय एफपीओ समागम 2025

दिल्ली में राष्ट्रीय एफपीओ समागम 2025 की शुरुआत हो गई है, जिसका मकसद किसानों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना है। दो दिवसीय इस आयोजन में देशभर के 500 से ज़्यादा किसान और एफपीओ भाग ले रहे हैं। प्रदर्शनी मे

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Pooja Rai· Correspondent

30 अक्टूबर 2025· 3 min read

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किसानों को सशक्त बनाने के लिए दिल्ली में शुरू हुआ राष्ट्रीय एफपीओ समागम 2025

किसानों को सशक्त बनाने के लिए दिल्ली में शुरू हुआ राष्ट्रीय एफपीओ समागम 2025

दिल्ली में राष्ट्रीय एफपीओ समागम 2025 की शुरुआत हो गई है, जिसका मकसद किसानों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना है। दो दिवसीय इस आयोजन में देशभर के 500 से ज़्यादा किसान और एफपीओ भाग ले रहे हैं। प्रदर्शनी में 267 एफपीओ अपने उत्पाद दिखा रहे हैं, जबकि तकनीकी सत्रों में खेती के आधुनिक तरीकों, बाजार जुड़ाव और डिजिटल नवाचार पर चर्चा हो रही है।

भारत सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की ओर से राष्ट्रीय एफपीओ समागम 2025 का आयोजन दिल्ली में शुरू हुआ है। इस दो दिवसीय कार्यक्रम का मकसद किसानों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना है। इसके ज़रिए देशभर में 10,000 किसान उत्पादक संगठनों (FPOs) के गठन और उनकी उपलब्धियों का जश्न मनाया जा रहा

यह आयोजन 30 और 31 अक्टूबर 2025 को हौज़ खास स्थित एनसीडीसी और एनसीयूआई परिसर में हो रहा है, जिसमें 24 राज्यों और 140 जिलों से आए 500 से ज़्यादा किसान, एफपीओ प्रतिनिधि, कार्यान्वयन एजेंसियां और कृषि विशेषज्ञ शामिल हो रहे हैं।

प्रदर्शनी में झलकेगी भारत की कृषि विविधता
कार्यक्रम में 267 एफपीओ अपने कृषि उत्पादों और नवाचारों का प्रदर्शन कर रहे हैं। इनमें 57 स्टॉल एनसीडीसी परिसर में लगाए गए हैं, जहां देशभर के अनाज, दालें, तिलहन, फल, सब्जियाँ, शहद, चाय, कॉफी और जैविक उत्पादों की झलक देखने को मिल रही है। यह प्रदर्शनी “एक भारत – एक कृषि” की भावना को मजबूत करती है।

तकनीकी सत्रों में चर्चा होगी खेती के नए तरीकों पर
एफपीओ समागम 2025 में खेती के आधुनिक और टिकाऊ तरीकों पर कई तकनीकी सत्र रखे गए हैं। इनमें तिलहन उत्पादन, पानी की बचत, प्राकृतिक खेती, कृषि अवसंरचना कोष, शहद उत्पादन, डिजिटल मार्केटिंग, उर्वरक प्रबंधन और बीज उत्पादन जैसे मुद्दों पर विशेषज्ञ चर्चा कर रहे हैं।

ये भी पढ़ें - किसानों को राहत, सरकार ने पीली मटर के आयात पर फिर से लगाई ड्यूटी

उत्कृष्ट एफपीओ को मिलेगा सम्मान
कृषि क्षेत्र में उत्कृष्ट काम करने वाले एफपीओ, क्लस्टर आधारित संगठन (CBBO) और कार्यान्वयन एजेंसियों को भी सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान किसानों के नवाचार, संगठन क्षमता और डिजिटल बदलाव में योगदान को सराहने के लिए दिया जा रहा है।

किसानों और उद्योगों के बीच बनेगा सीधा संपर्क
इस कार्यक्रम में एक विशेष क्रेता-विक्रेता बैठक (Buyer-Seller Meet) भी आयोजित की जा रही है, जिससे किसानों को अपने उत्पाद सीधे खरीदारों और ई-कॉमर्स कंपनियों को बेचने का मौका मिलेगा। इससे उन्हें बेहतर दाम और नए व्यापारिक अवसर मिलेंगे।

किसान उद्यमिता का उत्सव
राष्ट्रीय एफपीओ समागम 2025 सिर्फ़ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि किसान उद्यमिता और आत्मनिर्भर भारत का उत्सव है। यह दिखाता है कि जब किसान एकजुट होकर तकनीक और नवाचार अपनाते हैं, तो कृषि क्षेत्र में आर्थिक परिवर्तन की नई राह बनती है।

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