IMD ने आज महाराष्ट्र, गोवा, दक्षिण कोकंण, तटीय और आंतरिक कर्नाटक में भारी बारिश का हाई अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा तेलंगाना, मराठवाड़ा, उत्तरी कोंकण और गोवा, उत्तरी मध्य महाराष्ट्र, केरल और अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने का अनुमान जताया है।
मौसम विभाग ने सिक्किम, पूर्वोत्तर भारत, लक्षद्वीप, दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश और विदर्भ के कुछ हिस्सों में भी हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई है।
वहीं दूसरी ओर मौसम विभाग की तरफ़ से उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल के कुछ हिस्सों में, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के लिये Heatwave का अलर्ट भी जारी किया गया है।
दिल्ली के मौसम को लेकर जारी किए गए पूर्वानुमान में कहा गया है कि सोमवार को यानी आज दिल्ली का अधिकतम तापमान 44 डिग्री तक दर्ज किया जा सकता है। इसे लेकर येलो अलर्ट भी जारी किया गया है साथ में मंगलवार और बुधवार को यहां का तापमान 45 डिग्री तक पहुँचने का अंदेशा जताया है।
मानसून की बात करें तो मौसम विभाग के अनुमान से दो दिन पहले ही मुंबई में मानसून की पहली बारिश हो चुकी है।आपको बता दें कि IMD ने 11 जून का अनुमान लगाया था जबकि मुंबई में 9 जून को ही बारिश हो चुकी है।
Weather update: देश के कई हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट, वहीं दूसरी ओर उत्तर भारत के कई राज्यों में जारी है Heatwave की लहर
IMD ने आज महाराष्ट्र, गोवा, दक्षिण कोकंण, तटीय और आंतरिक कर्नाटक में भारी बारिश का हाई अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा तेलंगाना, मराठवाड़ा, उत्तरी कोंकण और गोवा, उत्तरी मध्य महाराष्ट्र, केरल और अंडमान
Pooja Rai·10 Jun 2024· 2 min read

Weather update: देश के कई हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट, वहीं दूसरी ओर उत्तर भारत के कई राज्यों में जारी है Heatwave की लहर

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मौसम विभाग की चेतावनी, किसान नोट कर लें ये सलाह
आने वाला सप्ताह किसानों के लिए भारी पड़ सकता है। खासकर धान बुवाई की तैयारी कर रहे किसानों के लिए। मौसम विभाग ने किसानों को महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं।

देश में सामान्य से 15% कम हुई मानसूनी बारिश
पूरे देश में लद्दाख में सामान्य से 112 फीसदी ज्यादा बारिश दर्ज की गई, जबकि मेघालय में सामान्य से 61 फीसदी कम बारिश हुई। कुल बारिश की मात्रा के हिसाब से गोवा में सबसे ज्यादा 196.68 सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई। वहीं, पंजाब में सिर्फ 28 सेंटीमीटर बारिश हुई, जो राज्यों में सबसे कम रही।

महाराष्ट्र में सूखे का संकट: किसानों को 6 से 8 महीने तक राहत देने की तैयारी
मुख्यमंत्री ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों के कई छोटे गांवों में जलस्रोत सूख गए हैं। ऐसे इलाकों में टैंकरों के जरिए बड़े पैमाने पर पानी पहुंचाना पड़ सकता है। टैंकरों से होने वाली जलापूर्ति को पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने के लिए तकनीक आधारित योजना तैयार की जा रही है।
